सीधी
सीधी(HRIDAY STAMBH);
मध्य प्रदेश के सीधी जिले से शिक्षा जगत को शर्मसार करने वाली एक गंभीर घटना सामने आई है। जिले के कुसमी जनपद अंतर्गत आने वाले शासकीय पूर्व माध्यमिक शाला धनौर में पदस्थ एक शिक्षक पर शराब के नशे में धुत होकर स्कूल की छात्राओं के साथ अश्लील बातें करने और अभद्र व्यवहार करने का गंभीर आरोप लगा है। इस घटना के सामने आने के बाद से इलाके के ग्रामीणों और अभिभावकों में भारी आक्रोश है।
क्या है पूरा मामला?
प्राप्त जानकारी के अनुसार, आरोपी शिक्षक कमलेश रावत विद्यालय में अपनी हरकतों से छात्राओं को लंबे समय से परेशान कर रहा था। शिक्षक की इन शर्मनाक हरकतों से तंग आकर पीड़ित छात्राओं ने हिम्मत जुटाई और घर पहुंचकर अपने परिजनों को पूरी आपबीती बताई। बच्चों की बात सुनकर परिजन सन्न रह गए। इसके बाद अभिभावकों ने अन्य ग्रामीणों और सरपंच के साथ एकजुट होकर कड़ा रुख अपनाया और बच्चों को लेकर सीधे पुलिस थाना पहुंचे, जहां शिक्षक के खिलाफ लिखित शिकायत दर्ज कराई गई।
अभिभावकों और छात्रों के गंभीर आरोप
परिजनों और छात्र-छात्राओं ने पुलिस को दी गई शिकायत में बताया कि:
- आरोपी शिक्षक अक्सर शराब के नशे में धुत होकर विद्यालय पहुंचता था।
- विद्यालय जैसी पवित्र जगह पर वह छात्राओं के साथ अश्लील भाषा का प्रयोग और भद्दी टिप्पणियां करता था।
- बच्चों को डरा-धमकाकर अनुचित व्यवहार किया जाता था।
ग्रामीणों का कहना है कि इस तरह की घटनाओं से मासूम बच्चों के मानसिक स्वास्थ्य और सुरक्षा पर गंभीर खतरा मंडरा रहा है। उन्होंने प्रशासन से मांग की है कि ऐसे शिक्षक को तुरंत बर्खास्त किया जाए।
पुलिस ने दर्ज किया मामला, जांच जारी
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने तुरंत एक्शन लिया है। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, परिजनों और बच्चों की शिकायत के आधार पर आरोपी शिक्षक कमलेश रावत के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 115 और 296 तथा किशोर न्याय (Juvenile Justice) अधिनियम की धारा 75 के तहत प्रकरण दर्ज कर लिया गया है। पुलिस मामले की गहनता से जांच कर रही है।
इस घटना ने एक बार फिर स्कूलों में बच्चों की सुरक्षा और शिक्षकों के आचरण को लेकर बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय नागरिकों ने शिक्षा विभाग के उच्च अधिकारियों से दोषी शिक्षक के खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई की मांग की है।


