ग्वालियर
सफाई व्यवस्था, अधोसंरचना और सीएसआर कार्यों पर लिए गए अहम निर्णय, कुछ निविदाएं पुनर्विचार के लिए वापस
नगर निगम ग्वालियर में मेयर इन काउंसिल की बैठक महापौर डॉ. शोभा सतीश सिंह सिकरवार की अध्यक्षता में बाल भवन स्थित टीएलसी में आयोजित हुई। बैठक में शहर विकास से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर चर्चा कर अनेक प्रस्तावों को स्वीकृति प्रदान की गई, जबकि कुछ प्रस्तावों को पुनर्विचार के लिए वापस किया गया।
बैठक में नगर निगम के विभिन्न विभागों में आउटसोर्स के माध्यम से अकुशल सफाई श्रमिकों की संख्या बढ़ाकर 1700 करने के प्रस्ताव को मंजूरी दी गई। इसमें पूर्व स्वीकृत 1379 के साथ 321 नए श्रमिक जोड़े जाएंगे। इस संबंध में नई निविदा आमंत्रित करने तथा व्यय की वित्तीय स्वीकृति भी प्रदान की गई।
इसके साथ ही नगर निगम की विज्ञापन शाखा के अंतर्गत गैंट्री पैकेज 01 एवं 02 से संबंधित 10 वर्ष की अवधि के विज्ञापन अधिकारों की निविदाओं पर चर्चा की गई। एक प्रस्ताव पर जानकारी प्रस्तुत की गई, जबकि महापौर के पूर्व आदेश के तहत पुनर्विचार के लिए आए दो प्रस्तावों को सदस्यों के सुझाव अनुसार वापस कर दिया गया।
बैठक में छठवें वेतनमान प्राप्त कर्मचारियों के महंगाई भत्ते में वृद्धि के प्रस्ताव की पुष्टि भी की गई। वहीं वार्ड क्रमांक 64 स्थित ट्रांसपोर्ट नगर क्षेत्र में सीएसआर मद से सार्वजनिक शौचालय निर्माण, संचालन एवं संधारण कार्य को स्वीकृति प्रदान की गई।
इसके अलावा मांडरे की माता क्षेत्र स्थित पगोडा रेस्टोरेंट को निर्धारित शर्तों के तहत 10 वर्ष के लिए मासिक लाइसेंस शुल्क पर आवंटित करने का प्रस्ताव भी पारित किया गया। मुख्यमंत्री नगरीय क्षेत्र अधोसंरचना निर्माण योजना के अंतर्गत 15 कार्यों के लिए 453.31 लाख रुपये की वित्तीय स्वीकृति भी बैठक में दी गई।
बैठक में नगर निगम आयुक्त संघ प्रिय, अपर आयुक्त टी. प्रतीक राव सहित परिषद के सदस्य और संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे। शहर की आधारभूत सुविधाओं को मजबूत करने और व्यवस्थाओं को बेहतर बनाने पर विशेष जोर दिया गया।
