बदल रही है कंपनी की रणनीति
मुंबई | भारत की दिग्गज आईटी सेवा प्रदाता कंपनी टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज ने आगामी वित्त वर्ष 2026-27 के लिए अपनी भर्ती योजनाओं का खुलासा कर दिया है। कंपनी ने घोषणा की है कि वह इस अवधि के दौरान 25,000 नए स्नातकों (फ्रेशर्स) को अपने साथ जोड़ेगी। हालांकि, यह संख्या पिछले वर्षों के मुकाबले कम नजर आ रही है, लेकिन कंपनी ने भविष्य में बाजार की मांग के अनुसार इसे बढ़ाने के संकेत भी दिए हैं।
भर्ती आंकड़ों में गिरावट या रणनीतिक बदलाव?
पिछले कुछ वर्षों के रुझान पर नजर डालें तो टीसीएस की फ्रेशर भर्ती योजना में इस बार बड़ा बदलाव दिख रहा है:
1.वित्त वर्ष 2025-26: कंपनी ने रिकॉर्ड 44,000 फ्रेशर्स को नियुक्त किया।
2. पिछले 3 वर्ष: औसतन हर साल 40,000 से अधिक नियुक्तियां की गईं।
3.आगामी लक्ष्य (2026-27): फिलहाल 25,000 नियुक्तियों का लक्ष्य रखा गया है।
कंपनी के मुख्य कार्यकारी अधिकारी ने एक साक्षात्कार में स्पष्ट किया कि टीसीएस का जोर हमेशा से कैंपस हायरिंग पर रहा है। उन्होंने कहा, “भविष्य की रणनीति पूरी तरह से वैश्विक बिजनेस डिमांड पर आधारित होगी। यदि बाजार में तेजी आती है, तो 25,000 के इस आंकड़े को बढ़ाया जा सकता है।”
अनुभवी पेशेवरों के लिए सीमित अवसर
खबर यह भी है कि टीसीएस फिलहाल अनुभवी कर्मचारियों की भर्ती बढ़ाने के मूड में नहीं है। कंपनी अपनी ‘टैलेंट पाइपलाइन’ को फ्रेशर्स के जरिए ही मजबूत करना चाहती है।कंपनी के मुख्य कार्यकारी अधिकारी ने एक साक्षात्कार में स्पष्ट किया कि टीसीएस का जोर हमेशा से कैंपस हायरिंग पर रहा है। उन्होंने कहा, “भविष्य की रणनीति पूरी तरह से वैश्विक बिजनेस डिमांड पर आधारित होगी। यदि बाजार में तेजी आती है, तो 25,000 के इस आंकड़े को बढ़ाया जा सकता है।”
