डबरा,
डबरा(HRIDAY STAMBH);जनपद पंचायत डबरा के ग्राम पंचायत सचिवों और ग्राम रोजगार सहायकों ने बिलौआ माइनिंग चेक पोस्ट पर लगाई जा रही 24 घंटे की ड्यूटी का पुरजोर विरोध किया है। इस अत्यधिक कठिन और जोखिमभरी ड्यूटी से राहत दिलाने के लिए संगठन के प्रतिनिधियों ने ग्वालियर जिला पंचायत सीईओ सौजान सिंह रावत को ज्ञापन सौंपकर अपनी समस्याएं सामने रखीं।
ज्ञापन के माध्यम से कर्मचारियों ने सुरक्षा की कमी, लंबे समय से लंबित मानदेय और पंचायतों में ठप पड़ रहे विकास कार्यों को लेकर अपनी गंभीर चिंताएं व्यक्त की हैं।
मुख्य बिंदु एवं प्रमुख समस्याएं:
- 50 किमी दूर तैनाती व सुरक्षा का अभाव: कर्मचारियों को उनकी मूल पंचायतों से लगभग 50 किलोमीटर दूर बिलौआ माइनिंग चेक पोस्ट पर दिन-रात की शिफ्टों में तैनात किया जा रहा है। इतनी दूरी तय करने के कारण दैनिक आवागमन का खर्च भारी पड़ रहा है, जबकि लंबे समय से मानदेय न मिलने के कारण कर्मचारी आर्थिक संकट झेल रहे हैं।
- जानलेवा हादसे और सर्पदंश की घटनाएं: चेक पोस्ट पर सुरक्षा इंतजामों के अभाव में कर्मचारियों की जान जोखिम में पड़ रही है। हाल ही में रात्रि ड्यूटी के दौरान एक पंचायत सचिव को जहरीले सांप ने काट लिया, वहीं दूर-दराज से ड्यूटी पर आने-जाने के क्रम में एक ग्राम रोजगार सहायक सड़क दुर्घटना का शिकार हो गए।
- ग्रामीण विकास कार्य ठप, नोटिस की गाज: माइनिंग चेक पोस्ट पर लगातार ड्यूटी के कारण पंचायतों में मनरेगा, प्रधानमंत्री आवास योजना और स्वच्छ भारत मिशन जैसी महत्वपूर्ण जनकल्याणकारी योजनाओं का काम पूरी तरह रुक गया है। प्रशासनिक लक्ष्य समय पर पूरे न होने के कारण उल्टा कर्मचारियों को ही विभागीय नोटिस और दंडात्मक कार्रवाई का सामना करना पड़ रहा है।
संगठन की मांगें:
- माइनिंग चेक पोस्ट ड्यूटी से तत्काल मुक्ति: पंचायत कर्मचारियों को इस चेक पोस्ट ड्यूटी से तुरंत प्रभाव से हटाया जाए ताकि वे अपनी पंचायतों में विकास कार्य सुचारू रख सकें।
- समान रोस्टर प्रणाली: यदि चेकिंग अभियान चलाया जाना अत्यंत आवश्यक है, तो केवल पंचायत कर्मचारियों को निशाना न बनाया जाए; बल्कि शासन के सभी विभागों के कर्मचारियों की रोस्टर प्रणाली के तहत समान रूप से ड्यूटी लगाई जाए।
ये रहे मौजूद:
ज्ञापन सौंपते समय सचिव संघ अध्यक्ष हरीसिंह मौर्य, रोजगार सहायक अध्यक्ष सुरेंद्र सिंह परिहार और उपाध्यक्ष कौशल सिंह गुर्जर सहित जनपद पंचायत डबरा के बड़ी संख्या में सचिव एवं ग्राम रोजगार सहायक उपस्थित थे।
