डबरा
डबरा (HRIDAY STAMBH): प्रसिद्ध धार्मिक स्थल धूमेश्वर धाम स्थित सिंध नदी के गहरे कुंड में कूदे डबरा के सर्राफा कारोबारी मनोज कुमार सोनी की पांच दिनों से जारी तलाश रविवार को दर्दनाक अंत के साथ समाप्त हो गई। गोताखोरों और रेस्क्यू टीम ने रविवार को चलाए गए सर्च ऑपरेशन के दौरान मनोज सोनी का शव घटना स्थल (कुंड) से लगभग 100 मीटर दूर नदी में तैरता हुआ बरामद किया।
शव मिलने की सूचना से मृतक के परिवार में कोहराम मच गया है, वहीं डबरा के व्यापारी वर्ग और स्थानीय क्षेत्र में शोक तथा आक्रोश का माहौल है।
5 दिनों से जारी था एसडीआरएफ का रेस्क्यू ऑपरेशन
घटना वाले दिन से ही भितरवार पुलिस और एसडीआरएफ (SDRF) की टीम नदी और गहरे कुंड में मनोज सोनी की लगातार तलाश कर रही थी। नदी का बहाव और कुंड की गहराई अधिक होने के कारण रेस्क्यू ऑपरेशन में काफी चुनौतियों का सामना करना पड़ा। रविवार को जब सर्च अभियान फिर से शुरू किया गया, तो कुंड से कुछ ही दूरी पर शव बहता हुआ दिखाई दिया, जिसे टीम ने बाहर निकाला और पोस्टमार्टम के लिए भेजा।
किनारे मिले थे बाइक, मोबाइल और सुसाइड नोट
मनोज सोनी के अचानक लापता होने के बाद सिंध नदी के किनारे उनकी मोटरसाइकिल, कपड़े और मोबाइल बरामद हुए थे। सामान के साथ पुलिस को एक सुसाइड नोट भी मिला था, जिसने इस पूरे मामले को एक गंभीर मोड़ दे दिया है।
सुसाइड नोट में मृतक ने करीब 6 लोगों पर गंभीर आरोप लगाए हैं। आरोपों के अनुसार, ये आरोपी मनोज सोनी को मानसिक रूप से प्रताड़ित कर रहे थे, उन्हें झूठे मामलों में फंसाने की धमकियां दे रहे थे और लगातार ब्लैकमेल कर रहे थे। इसी प्रताड़ना से तंग आकर उन्होंने यह आत्मघाती कदम उठाया।
पुलिस जांच और कार्रवाई
पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पंचनामा तैयार किया और पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। भितरवार पुलिस के अनुसार, सुसाइड नोट में नामजद सभी बिंदुओं और 6 लोगों की भूमिका की गहनता से जांच की जा रही है।
पुलिस का कहना है कि सुसाइड नोट के आधार पर साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं और निष्पक्ष जांच के बाद दोषियों के खिलाफ सख्त से सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

