भोपाल
भोपाल पुलिस ने ऐसे सुलझाई बुजुर्ग दंपती की मर्डर मिस्ट्री
भोपाल (NEWS UPDATE): राजधानी भोपाल के ऐशबाग थाना इलाके में 20 दिन पहले हुए सनसनीखेज बुजुर्ग दंपती हत्याकांड का भोपाल पुलिस ने पर्दाफाश कर दिया है।
सुदामा नगर में रहने वाले रेलवे से रिटायर्ड हेमंत बारीक और कस्तूरबा अस्पताल की रिटायर्ड नर्स शकुंतला बारीक की हत्या किसी और ने नहीं, बल्कि उनके सबसे भरोसेमंद प्रॉपर्टी ब्रोकर भाइयों ने मिलकर की थी। पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है।
2 करोड़ की प्रॉपर्टी हड़पने के लिए बनाया फर्जी दान पत्र
पुलिस कमिश्नर संजय कुमार के मुताबिक, कजलीखेड़ा के रहने वाले दो भाई—40 वर्षीय प्रॉपर्टी ब्रोकर श्रीकांत चिंचलिया और उसका छोटा भाई 35 वर्षीय फिजियोथैरेपिस्ट शशिकांत चिंचलिया—पिछले दो साल से बारीक दंपती के बेहद करीब थे। आरोपियों ने दंपती का भरोसा जीतकर उनकी संपत्तियों की देखरेख शुरू की।
साल 2024 में इटारसी का एक प्लॉट बिकवाने के दौरान आरोपियों ने चालाकी से एक फर्जी दान पत्र (Gift Deed) तैयार करवा लिया। इस दस्तावेज पर धोखे से बुजुर्ग दंपती के हस्ताक्षर करा लिए गए, जिसमें लिखा था कि दंपती की मृत्यु के बाद सुदामा नगर स्थित उनका 2 करोड़ रुपये का मकान दोनों भाइयों के नाम हो जाएगा।
ऐन वक्त पर प्लान हुआ फेल, तो 12 मिनट में कर दिया मर्डर
फर्जी दान पत्र से आरोपियों को भरोसा था कि, बुजुर्ग दंपती की मौत के बाद उन्हें पूरी संपत्ति मिलेगी। लेकिन, कुछ दिन पहले ही दंपती ने सुदामा नगर का मकान बेचने का फैसला कर लिया। 2 करोड़ में सौदा भी हो गया। अपना प्लान फेल होते देख आरोपियों ने दंपती की गोली मारकर हत्या कर दी।
1500 सीसीटीवी फुटेज और ‘चाल’ से पकड़े गए हत्यारे
शातिर हत्यारों को ढूंढने के लिए पुलिस की 20 टीमें लगी थीं। 1500 से अधिक सीसीटीवी फुटेज खंगाले गए। 100 से ज्यादा संदिग्धों से पूछताछ की गई। कॉल डिटेल, लोकेशन, बैंक ट्रांजेक्शन, डिजिटल साक्ष्य जुटाए और दोनों हत्यारों तक पहुंचने में सफलता हासिल की।
इसके बाद फुटेज में दिखी दोनों की चाल के अनुसार, उन्हें चलवाया तो शिनाख्त भी हो गई। दोनों आरोपियों पर पुलिस ने 50 हजार रुपए का इनाम भी रखा था।
