डबरा/पिछोर,
क्षेत्र में अमानक और मिलावटी खाद्य पदार्थों के निर्माण व बिक्री के खिलाफ खाद्य सुरक्षा विभाग ने एक बड़ी और निर्णायक कार्यवाही की है। पिछोर कस्बे में संचालित एक अवैध पनीर डेयरी पर अचानक छापा मारकर टीम ने भारी मात्रा में संदिग्ध मिलावटी पनीर बरामद किया है।
घर के भीतर चल रहा था मिलावट का ‘गोरखधंधा’
प्राप्त जानकारी के अनुसार, खाद्य सुरक्षा विभाग को लंबे समय से सूचना मिल रही थी कि पिछोर कस्बे में स्थित राकेश बघेल के मकान में अवैध रूप से और अमानक मानकों पर पनीर तैयार किया जा रहा है। सूचना की पुष्टि होते ही खाद्य सुरक्षा अधिकारियों की एक विशेष टीम ने मौके पर दबिश दी। जब टीम ने घर के अंदर छानबीन की, तो वहां बड़े पैमाने पर अस्वच्छ परिस्थितियों में पनीर बनाने का काम चलता पाया गया।
135 किलोग्राम अमानक पनीर ज़ब्त, फ्रिज को किया सील
छापामार कार्यवाही के दौरान मौके से लगभग 135 किलोग्राम निर्मित पनीर बरामद किया गया, जिसकी गुणवत्ता प्रथम दृष्टया संदिग्ध और अमानक पाई गई।
सीज़र व सीलिंग की कार्यवाही: खाद्य विभाग की टीम ने बिना देरी किए पूरे 135 किलो पनीर को ज़ब्त कर लिया और उसे वहीं मौजूद बड़े फ्रिज में रखकर पूरे फ्रिज को सुरक्षित तरीके से सील कर दिया।
नमूने (Samples) लिए गए: पनीर के सैंपल एकत्र कर जांच के लिए राज्य खाद्य प्रयोगशाला (State Food Testing Laboratory) भेजने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
लैब रिपोर्ट के आधार पर होगी सख्त कानूनी कार्यवाही
खाद्य सुरक्षा अधिकारियों का कहना है कि लोगों की सेहत के साथ खिलवाड़ करने वाले मिलावटखोरों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा। प्रयोगशाला से सैंपल की रिपोर्ट आते ही संबंधित गृहस्वामी राकेश बघेल के विरुद्ध खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम (FSSAI) की सुसंगत धाराओं के तहत एफआईआर (FIR) दर्ज कर कड़ी वैधानिक कार्यवाही की जाएगी।
इलाके के मिलावटखोरों में मचा हड़कंप
दिनदहाड़े हुई इस बड़ी छापामार कार्यवाही से पिछोर और डबरा के आसपास के क्षेत्रों में अवैध रूप से डेयरी उत्पाद बनाने और बेचने वाले धंधेबाजों में हड़कंप मच गया है। स्थानीय नागरिकों ने खाद्य विभाग की इस कार्यवाही का स्वागत किया है और मांग की है कि त्योहारों और सामान्य दिनों में भी ऐसे मिलावटखोरों पर लगातार नकेल कसी जाए।
